सोमवार रात नागपुर जिले में पूर्व महाराष्ट्र गृह मंत्री और एनसीपी नेता अनिल देशमुख की कार पर पथराव हुआ, जिसमें वह घायल हो गए। यह घटना रात करीब 8 बजे उस समय हुई, जब देशमुख नरखेड गांव में बैठक के बाद कटोल लौट रहे थे। उन्हें तुरंत कटोल सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
इस हमले ने राजनीति और समाज में बढ़ती हिंसा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विपक्षी दलों के नेताओं ने इस हमले की कड़ी निंदा की है। आम आदमी पार्टी के सांसद राघव चड्ढा ने लिखा, “पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख पर हमला चौंकाने वाला है। हिंसा का हमारी राजनीति और समाज में कोई स्थान नहीं है।”
AAP संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा, “अनिल देशमुख जी पर हुआ जानलेवा हमला निंदनीय है। लोकतांत्रिक समाज में हिंसा के लिए कोई जगह नहीं होनी चाहिए।”
शिवसेना (UBT) की नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने इसे महाराष्ट्र सरकार के तहत बढ़ती गुंडागर्दी का संकेत बताया। उन्होंने कहा, “यह हमला अत्यंत चिंताजनक है और यह दिखाता है कि वर्तमान सरकार के तहत कैसे गुंडे बेखौफ काम कर रहे हैं।”
बारामती से लोकसभा सांसद सुप्रिया सुले ने कहा, “मैं इस घटना को लेकर बेहद चिंतित हूं। अनिल देशमुख जी के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हूं।”
कांग्रेस नेता विकास ठकरे ने कहा कि यह घटना गंभीर है और यदि एक पूर्व मंत्री को इस प्रकार निशाना बनाया जा सकता है, तो आम नागरिकों की सुरक्षा के क्या मायने रह जाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि देशमुख फिलहाल बोलने की स्थिति में नहीं हैं।
यह घटना महाराष्ट्र की कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग हो रही है।