मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की दशहरा शोभायात्रा को सकुशल संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस ने तैयारियां तेज कर दी हैं। बुधवार को पुलिस लाइन स्थित व्हाइट हाउस सभागार में वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की बैठक हुई। इसमें मुख्यमंत्री की सुरक्षा के साथ कानून-व्यवस्था, भीड़ प्रबंधन, यातायात संचालन और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय को लेकर चर्चा की गई। गोरखनाथ मंदिर से रामलीला मैदान तक निकलने वाली पारंपरिक दशहरा शोभायात्रा गोरखपुर का प्रमुख धार्मिक आयोजन है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सहभागिता को देखते हुए शोभायात्रा में सुरक्षा और व्यवस्थाओं को लेकर विशेष सतर्कता बरतने पर जोर दिया गया। अधिकारियों ने आयोजन से जुड़ी तैयारियों की समीक्षा की और संबंधित विभागों को समय से आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी करने के निर्देश दिए।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा और यातायात पर जोर
बैठक में शोभायात्रा के दौरान श्रद्धालुओं और आम नागरिकों की सुरक्षा, भीड़ को व्यवस्थित रखने और यातायात सुचारु बनाए रखने से जुड़े पहलुओं पर विचार-विमर्श हुआ। अधिकारियों ने कहा कि आयोजन के दौरान किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो और लोगों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। दुर्गा पूजा और दशहरा के दौरान शहर के प्रमुख मार्गों, बाजारों और धार्मिक स्थलों पर लोगों की आवाजाही बढ़ जाती है। ऐसे में शोभायात्रा के मार्ग से संबंधित व्यवस्थाएं दुरुस्त रखने, आवागमन सुचारु बनाए रखने और नगर निगम सहित अन्य विभागों के बीच बेहतर तालमेल बनाए रखने पर जोर दिया गया।
वरिष्ठ अधिकारियों ने की तैयारियों की समीक्षा
बैठक में एडीजी जोन राम कुमार, डीआईजी रेंज एस. चन्नप्पा, मंडलायुक्त इंद्र विक्रम सिंह, जिलाधिकारी दीपक मीणा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कौस्तुभ सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। इसके अलावा नगर आयुक्त अजय जैन, एसपी सिटी निमिष पाटिल, सहायक पुलिस अधीक्षक एवं सीओ कैंट अरुण कुमार सिंह, एसपी अपराध अयोध्या प्रसाद सिंह, एसपी मंदिर सुरक्षा संतोष कुमार, एडीएम सिटी गजेंद्र कुमार, जीडीए ओएसडी संजीव दीक्षित, सीओ गोरखनाथ रवि सिंह और सीओ कोतवाली ओंकार दत्त तिवारी सहित अन्य अधिकारियों ने भी बैठक में हिस्सा लिया। एटीएस, एलआईयू और विभिन्न विभागों के अधिकारियों की मौजूदगी में सुरक्षा संबंधी तैयारियों और सूचनाओं के आदान-प्रदान पर भी चर्चा की गई। अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने, संभावित समस्याओं से निपटने और आयोजन के दौरान विभागों के बीच त्वरित समन्वय बनाए रखने पर जोर दिया। प्रशासन और पुलिस का लक्ष्य है कि गोरखनाथ मंदिर से रामलीला मैदान तक निकलने वाली पारंपरिक शोभायात्रा शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हो। इसके साथ ही मुख्यमंत्री की सुरक्षा के आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित करने और श्रद्धालुओं की सुविधा का ध्यान रखने पर भी जोर दिया गया।
GDS Times | Hindi News Latest News & information Portal