Thursday , October 22 2026

हरिद्वार में गंग नहर 18 दिन बंद, कानपुर तक प्रवाह रुका, जानें कब शुरू होगा जलप्रवाह, आरती के लिए मिलेगा 200 क्यूसेक पानी

हरिद्वार में हर की पौड़ी में गंग नहर को वार्षिक रखरखाव और मरम्मत कार्य के लिए अगले 18 दिनों तक बंद कर दिया गया है। अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि नहर मंगलवार की मध्यरात्रि से बंद की गई और इसमें दीपावली से ठीक पहले सात और आठ नवंबर की मध्यरात्रि के आसपास जलप्रवाह फिर से शुरू होने की संभावना है। हरिद्वार के पास भीमगोड़ा बैराज पर पानी का प्रवाह रोक दिया गया है, जिससे उत्तर प्रदेश के कानपुर तक फैली गंगा नहर सूख गई है। हालांकि, हर की पौड़ी उत्तराखंड में है लेकिन गंगा नहर नेटवर्क का प्रबंधन उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग करता है। उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग के उपखंड अधिकारी (हेडवर्क्स) भारत भूषण ने बताया कि नहर को हर साल बंद करने से उसकी सफाई करने के साथ ही कानपुर तक के मार्ग में जरूरी मरम्मत और रखरखाव के कार्य किए जा सकते हैं। जनवरी में हरिद्वार अर्धकुंभ के मद्देनजर विभिन्न विभाग स्थायी और अस्थायी बुनियादी ढांचे से जुड़ी परियोजनाओं पर कर रहे कामों में तेजी लाएंगे। नहर बंद रहने के दौरान हर की पौड़ी में गंगा आरती के लिए लगभग 200 क्यूसेक पानी उपलब्ध कराया जाएगा। उत्तराखंड सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता विकास त्यागी ने बताया कि नहर को हर साल बंद करना जरूरी है, ताकि उसमें छिपी ऐसी क्षति का पता लगाया जा सके, जो पानी का प्रवाह जारी रहने के दौरान नजर नहीं आती।
जलापूर्ति-खेती पर पड़ेगा असर
हरिद्वार गंग नहर बंद होने से दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में रहने वाले लोगों को जलापूर्ति की कमी का सामना करना पड़ सकता है। नहर बंद करने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश और दिल्ली-एनसीआर में खेती पर भी काफी असर पड़ने की आशंका है। इन क्षेत्रों के किसानों के लिए गंगा नहर को जीवनरेखा माना जाता है। नहर सूखी होने के कारण हरिद्वार पहुंचे श्रद्धालुओं को भी निराशा हुई।

Powered by themekiller.com anime4online.com animextoon.com apk4phone.com tengag.com moviekillers.com